पाकिस्तान में गुरुद्वारों के अधिग्रहण को लेकर हरिद्वार नगर निगम के पार्षद परमिंदर सिंह गिल ने कड़ा विरोध जताया है। उन्होंने कहा कि भारत पाकिस्तान के बंटवारे के दौरान दोनों देशो में समझौता हुआ था कि दोनों देश अपने यहां सभी धार्मिक स्थलों का संरक्षण करेंगे। लेकिन पाकिस्तान सरकार समझौता तोड़कर गुरुद्वारों को मस्जिदों में तब्दील कर रही है। इससे पूरे विश्व के सिख समाज में रोष उत्पन्न हो रहा है ।परमिंदर ने कहा कि करोना महामारी के दौरान अमेरिका ने भी गुरुद्वारों से सहायता मांगी गुरुद्वारों की ओर से भी सरकार को हर संभव सहायता दी गई । वही पंजाब की सरकार ने अमृतसर गुरुद्वारे से मदद की गुहार लगाई ।इसके बाद अमृतसर में 4000 बेड का कोविड सेंट्रर बनाकर सरकार को सौंपा गया। इसके साथ ही लंगर चलाकर भोजन आदि का भी प्रबंध किया गया। परमिंदर दिल ने कहा संकट के दौरान गुरुद्वारों ने हमेशा समाज और सरकार के हित में काम किया है ऐसे में गुरुद्वारों को मस्जिद बनाने का निर्णय बेहद निंदनीय है इसकी जितनी भी भर्त्सना की जाए वह कम है।
पाकिस्तान सरकार के गुरुद्वारों का अधिग्रहण कर मस्जिद बनाना निंदनीय कार्य
• VIKAS KUMAR JHA